मेडिकल कॉलेज मेरठ के युवा चिकित्सक का राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया गया


मेरठ मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विभाग ने देशभर के प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थानों के विशेषज्ञों की उपस्थिति में आयोजित पीसीएनआई (PCNI) कॉन्फ्रेंस में Best Thesis Award में द्वितीय स्थान प्राप्त किया यह प्रतियोगिता नई दिल्ली स्थित Le Méridien Hotel में आयोजित की गई, जिसमें उत्तर भारत सहित देश के विभिन्न मेडिकल कॉलेजों के चिकित्सकों ने प्रतिभाग किया डॉ. श्याम हरि गोंड जोकि वर्तमान में मेडिकल कॉलेज, मेरठ के बाल रोग विभाग में कार्यरत हैं उन्होंने अपने शोध कार्य जिसके गाइड डॉ. नवरतन कुमार गुप्ता है विषय Effect of Mother’s Lap for Reducing Pain During Venipuncture in Late Preterm and Term Neonates के माध्यम से नवजात शिशुओं में दर्द प्रबंधन के एक सरल और प्रभावी उपाय को प्रस्तुत किया अपने यह शोध एक Randomized Controlled Trial (RCT) पर आधारित है, जिसमें 188 नवजात शिशुओं को शामिल किया गया अध्ययन के परिणामों में पाया गया कि मां की गोद में रखकर वेनिपंक्चर करने से शिशुओं में दर्द के स्तर में महत्वपूर्ण कमी आती है, साथ ही प्रक्रिया का समय भी कम हो जाता है, बिना किसी शारीरिक अस्थिरता के कॉन्फ्रेंस में देश के विभिन्न राज्यों के वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञों, प्रोफेसरों एवं शोधकर्ताओं ने भाग लिया, जहां इस प्रतिस्पर्धा में कई उत्कृष्ट शोध प्रस्तुत किए गए मेडिकल कॉलेज मेरठ के प्राचार्य डॉ आर सी गुप्ता ने कहा कि ऐसे उच्च स्तर की प्रतिस्पर्धा में डॉ. गोंड का द्वितीय स्थान प्राप्त करना न केवल उनके संस्थान बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय है डॉ. गोंड ने अपनी सफलता का श्रेय मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ आर सी गुप्ता, अपने शोध कार्य के गाइड डॉ. नवरतन कुमार गुप्ता, परिवार एवं सहकर्मियों को दिया। उन्होंने बताया कि यह शोध नवजात देखभाल में non-pharmacological methods के महत्व को बढ़ावा देता है और भविष्य में इसे नियमित clinical practice में शामिल किया जा सकता है यह उपलब्धि युवा चिकित्सकों के लिए प्रेरणास्रोत है और क्षेत्र में चिकित्सा अनुसंधान को नई दिशा प्रदान करती है

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